यमुनानगर:-मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट एवं सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण श्रीमती गुनीत अरोड़ा ने 21 मई 2021 को हरियाणा स्टेट लिगल सर्विस अथार्टी पंचकूला द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुपालन में जिला जेल यमुनानगर का दौरा किया।
जेल में नए सिरे से दाखिल कैदियों को कुछ घंटों के लिए सुरक्षा प्रकोष्ठ में रखा गया, जहां उनका रैपिड एंटीजन टेस्ट किया जाता है। निगेटिव रिपोर्ट मिलने पर कैदियों को विशेष रूप से क्वारंटाइन के लिए रखे गए कोरोना वार्ड में भेज दिया जाता है। एक सप्ताह की अवधि के बाद उनका आरटीपीसीआर परीक्षण किया जाता है जिसकी रिपोर्ट 2 से 3 दिनों में प्राप्त होती है।उन्होंने कहा कि नेगेटिव रिपोर्ट मिलने के बाद जेल के कैदियों को उनके जनरल बैरक में ट्रांसफर कर दिया जाता है। अगर कोई पॉजिटिव पाया जाता है तो उसे इलाज के लिए सरकारी अस्पताल भेजा जाता है। इलाज के बाद जब जेल में उसकी निगेटिव रिपोर्ट आती है तो उसे फिर से जेल में भर्ती कर जनरल बैरक में भेज दिया जाता है।वर्तमान महामारी के समय जेल में इस प्रक्रिया का नियमित रूप से पालन किया जाता है। आज कोविड वार्ड में 837 कैदी आरटी पीसीआर जांच रिपोर्ट का इंतजार कर रहे हैं। उनहोंने महिला बंदी वार्ड का दौरा किया जहां 4 बच्चों के साथ 28 कैदी और सीजेएम डीएलएसए ने महिला बंदियों से बातचीत कर उनका हालचाल जाना और जेल अधिकारियों द्वारा दी जा रही सुविधाओं पर संतोष जताया। साथ ही सभी कोविड-19 उपायों का पालन सामाजिक दूरी के साथ किया जा रहा है।

