यह सहायता उसके डायलिसिस और चिकित्सा उपचार में सहयोग के उद्देश्य से दी गई।
रोटरी यमुनानगर द्वारा गोद ली गई युवा बालिका जसविंदर कौर लंबे समय से किडनी फेल्योर की गंभीर बीमारी से पीड़ित है। उसके उपचार और नियमित डायलिसिस के खर्च को देखते हुए रोटरी क्लब ने मानवीय पहल करते हुए एक लाख रुपये की सहायता राशि प्रदान की।
यह सहायता यमुनानगर के विधायक घनश्याम अरोड़ा के मार्गदर्शन में उनके कार्यालय में सौंपी गई। इस दौरान रोटरी क्लब के पदाधिकारी और सदस्य भी मौजूद रहे।
रोटरी यमुनानगर के अध्यक्ष रोटेरियन ईश आनंद ने कहा कि रोटरी का मूल मंत्र "सेवा स्वयं से ऊपर" समाज के जरूरतमंद लोगों की निस्वार्थ सहायता करने की प्रेरणा देता है। उन्होंने कहा कि यह आर्थिक सहयोग सभी समस्याओं का समाधान नहीं है, लेकिन कठिन समय में राहत और नई उम्मीद जरूर प्रदान करेगा।
वहीं रोटरी यमुनानगर के सचिव रोटेरियन विभोर पाहुजा ने कहा कि रोटरी समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए लगातार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि करुणा, सेवा और सहयोग के माध्यम से लोगों के जीवन को बेहतर बनाने का प्रयास ही रोटरी की सबसे बड़ी पहचान है।
इस अवसर पर रोटरी यमुनानगर के कई सदस्य उपस्थित रहे, जिनमें अशीष लूथरा, विक्रम बाली, सम्राट छनाना, कंवल गांधी, संजय पाहुजा, राजीव वासुदेवा, संजीव गुप्ता और रमन सलूजा प्रमुख रूप से शामिल थे।
रोटरी क्लब की यह पहल न केवल सामाजिक जिम्मेदारी का उदाहरण है, बल्कि जरूरतमंद लोगों के प्रति संवेदनशीलता और सेवा भाव का भी संदेश देती है।
रोटरी यमुनानगर के स्वर्णिम वर्ष में की गई यह पहल यह साबित करती है कि समाज के सामूहिक प्रयास किसी जरूरतमंद के जीवन में नई उम्मीद जगा सकते हैं।
